
डीडवाना-कुचामन मे आयुक्त खाद्य सुरक्षा एवं औषधि नियंत्रक डॉ. टी शुभमंगला के दिशानिर्देशों की पालना में एवं जिला कलक्टर डॉ महेंद्र खड़गावत के निर्देशों पर जिले में भारतीय खाद्य सुरक्षा एवं मानक प्राधिकरण के तहत खाद्य सुरक्षा एवं मानक अधिनियम के प्रभावी क्रियान्वयन हेतु व्यापारियों को स्वच्छ एवं सुरक्षित खाद्य सामग्री के निर्माण, भंडारण, परिवहन एवं विक्रय से संबंधित जानकारी प्रदान करने के लिए FoSTaC (Food Safety Training and Certification) प्रशिक्षण का आयोजन मंगलवार को टाउन हॉल में आयोजित किया गया ।
मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी डॉ. नरेंद्र चौधरी ने बताया कि डीडवाना शहर के सभी खाद्य कारोबारियों को एफएसएसएआई टीम द्वारा निःशुल्क FoSTaC प्रशिक्षण प्रदान किया गया। प्रशिक्षण में मास्टर ट्रेनर सुश्री गरिमा कपूर ने खाद्य कारोबारियों को भारतीय खाद्य सुरक्षा एवं मानक प्राधिकरण की संरचना एवं कार्यप्रणाली की विस्तृत जानकारी दी। साथ ही खाद्य लाइसेंस के महत्व एवं लाइसेंस नंबर के माध्यम से राज्य, जिला एवं अन्य आवश्यक जानकारियां समझने के बारे में बताया।
इस दौरान मुख्य अतिथि अतिरिक्त जिला कलक्टर मोहन लाल खटनावलिया ने बताया कि सभी खाद्य कारोबाकर्ता अपना रजिस्ट्रेशन/लाइसेंस अनिवार्य रखना चाहिए। उपभोक्ताओं को केवल लाइसेंसधारी या विश्वसनीय विक्रेताओ से खाद्य सामग्री क्रय एवं पैक खाद्य सामग्री पर पैकेजिंग दिनांक, उपयोग दिनांक देखकर ही खरीदे।
खाद्य सुरक्षा अधिकारी बाबूलाल ने बताया कि प्रशिक्षण के दौरान पैक्ड फूड से संबंधित नियमों, प्रत्येक पैकेज पर अंकित किए जाने वाले अनिवार्य बिंदुओं, “फर्स्ट इन फर्स्ट आउट (FIFO)” नियम तथा उसके पालन की प्रक्रिया की जानकारी दी गई। इसके अलावा मिलावट के प्रकार एवं उनकी पहचान के तरीकों को समझाया गया।
मास्टर ट्रेनर द्वारा खाद्य कारोबारियों को उपभोक्ताओं को शुद्ध एवं सुरक्षित खाद्य उपलब्ध कराने हेतु आवश्यक सावधानियों के बारे में भी अवगत कराया गया। साथ ही फूड हैंडलिंग एवं स्वास्थ्य संबंधी सभी नियमों के प्रभावी पालन के तरीके भी बताए गए। साथ ही साथ, ट्रेनर ने “फूड फोर्टीफिकेशन,RUCO (रिपरपज यूज्ड कुकिंग ऑयल ) अवॉइड हाई फैट, शुगर एवं सॉल्ट” आदि की विस्तार से जानकारी दी ।
उन्होंने बताया कि इस प्रशिक्षण का उद्देश्य खाद्य कारोबारियों में जागरूकता बढ़ाकर आमजन को सुरक्षित एवं गुणवत्तापूर्ण खाद्य सामग्री उपलब्ध कराना है।
इस मेगा खाद्य सुरक्षा प्रशिक्षण एवं प्रमाणन कार्यक्रम में अन्नपुर्णा रसोई योजना के रसोईया,मिड डे मिल प्रभारी,आशा सहयोगिनियों, आंगनबाड़ी कार्यकर्ताओं, मिठाई कारोबारकर्ता, स्ट्रीट वेंडर, खाद्य व्यापारियों, थोक, खुदरा, निर्माता, ठेला, फल व वेजिटेबल, चाट पकौड़ी, कचोरी आदि को शामिल हुए हैं।
